धर्म संसार
शिव चालीसा
||दोहा|| जय गणेश गिरिजा सुवन, मंगल मूल सुजान।कहत अयोध्यादास तुम, देहु अभय वरदान ॥ ||चौपाई|| जय गिरिजा पति दीन दयाला ।सदा करत सन्तन प्रतिपाला ...
शिव जी की आरती
🕉️ शिव जी की आरती 🕉️ ॐ जय शिव ओंकारा, स्वामी जय शिव ओंकारा।ब्रह्मा, विष्णु, सदाशिव, अर्द्धांगी धारा॥ ॐ जय शिव ओंकारा… एकानन चतुरानन ...
संकटमोचन हनुमान अष्टक
॥ हनुमानाष्टक ॥ बाल समय रबि भक्षि लियो तब, तीनहुं लोक भयो अंधियारो।ताहि सों त्रास भयो जग को, यह संकट काहु सों जात न ...
हनुमान चालीसा
दोहा:श्रीगुरु चरन सरोज रज, निज मन मुकुर सुधारि। बरनउँ रघुवर बिमल जसु, जो दायकु फल चारि॥बुद्धिहीन तनु जानिके, सुमिरौं पवन-कुमार।बल बुद्धि बिद्या देहु मोहिं, ...





